जनता दर्शन में योगी आदित्यनाथ ने सुनी फरियाद, रायबरेली के बुजुर्ग की पीड़ा पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में जनता दर्शन के दौरान प्रदेशभर से आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं। रायबरेली के बुजुर्ग की शिकायत पर तत्काल कार्रवाई और जमीन कब्जे के मामलों में सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए।

जनता दर्शन में जमीन पर अवैध कब्जे और राजस्व से जुड़े मामलों की शिकायतें भी सामने आईं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि यदि किसी व्यक्ति की जमीन पर जबरन या अवैध कब्जा किया गया है तो मामले का नियमानुसार निस्तारण कराया जाए और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने राजस्व मामलों को लंबे समय तक लंबित न रखने और समयबद्ध तरीके से निस्तारित करने पर विशेष जोर दिया।

हर फरियादी तक पहुंचे मुख्यमंत्री, बोले- घबराइए मत
जनता दर्शन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुर्सियों पर बैठे फरियादियों के पास जाकर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने अलग-अलग लोगों से उनकी शिकायतों और परेशानियों के बारे में जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने आमजन को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनता की शिकायतों को केवल औपचारिकता के तौर पर न लिया जाए, बल्कि प्रत्येक प्रकरण को संवेदनशीलता के साथ समझकर उसका समयबद्ध और पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में शांति, खुशहाली और मजबूत कानून व्यवस्था नए उत्तर प्रदेश की पहचान है। इसमें बाधा उत्पन्न करने वाले लोगों के खिलाफ कानून के दायरे में प्रभावी कार्रवाई की जानी चाहिए।
रायबरेली के बुजुर्ग की शिकायत पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
जनता दर्शन में रायबरेली से आए एक बुजुर्ग ने मुख्यमंत्री को अपने साथ हुई कथित मारपीट की जानकारी दी। शिकायत बताते समय वह भावुक हो गए और मुख्यमंत्री को शरीर पर लगी चोट भी दिखाई। मुख्यमंत्री ने उनसे पूरे घटनाक्रम के बारे में जानकारी ली।
बुजुर्ग ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने उन पर हमला किया और उनके साथ मारपीट करने के बाद रुपये भी छीन लिए। शिकायत के अनुसार, आरोपियों को उनके बाहर रहने की जानकारी थी और इसी कारण उन्होंने कथित तौर पर घात लगाकर हमला किया।

मामले की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री ने मौजूद अधिकारियों को प्रकरण में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायत की गंभीरता को देखते हुए नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और पीड़ित को न्याय दिलाने की दिशा में तेजी से कदम उठाए जाएं।
जमीन पर कब्जे की शिकायतों पर भी मुख्यमंत्री सख्त
जनता दर्शन में कुछ लोगों ने अपनी जमीन पर जबरन कब्जे की शिकायत भी मुख्यमंत्री के सामने रखी। इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि यदि किसी गरीब या आम व्यक्ति की जमीन पर दबंगई के बल पर कब्जा किया गया है तो नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निस्तारण के दौरान यह सुनिश्चित किया जाए कि संबंधित व्यक्ति की जमीन को अवैध अथवा जबरन कब्जे से मुक्त कराया जाए। साथ ही राजस्व विभाग से जुड़े मामलों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भूमि विवाद, कब्जे और अन्य राजस्व मामलों की जांच करते समय सभी संबंधित रिकॉर्ड और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाए, ताकि वास्तविक पीड़ित को समय पर राहत मिल सके।
राजस्व मामलों के समयबद्ध निस्तारण पर जोर
मुख्यमंत्री ने जनता दर्शन के दौरान अधिकारियों को राजस्व से जुड़े मामलों के निस्तारण में तेजी लाने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि लंबे समय से लंबित मामलों की नियमित समीक्षा की जाए और जहां किसी स्तर पर प्रक्रिया संबंधी बाधा है, उसे दूर किया जाए।
उत्तर प्रदेश में भूमि और ग्रामीण संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड के डिजिटलीकरण और सर्वेक्षण के लिए स्वामित्व योजना जैसे कार्यक्रम भी संचालित हैं। राज्य के आधिकारिक स्वामित्व पोर्टल के अनुसार, योजना का उद्देश्य ग्रामीण आबादी क्षेत्र में ड्रोन सर्वेक्षण तकनीक के माध्यम से आवासीय अधिकार अभिलेख तैयार करना है।
अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ सुनवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता दर्शन में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की समस्या को गंभीरता से सुना जाए और शिकायत के समाधान की प्रक्रिया स्पष्ट एवं पारदर्शी हो। उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकता आमजन को समय पर न्याय और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराना है।
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री की ओर से दिए गए निर्देशों में कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में कार्रवाई के साथ-साथ जमीन और राजस्व विवादों के त्वरित निस्तारण पर विशेष जोर रहा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि पीड़ितों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और संबंधित विभाग अपने स्तर पर शिकायतों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें।
प्रदेश सरकार के सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग की वेबसाइट पर मुख्यमंत्री की विभिन्न बैठकों, जनसुनवाई और प्रशासनिक गतिविधियों से संबंधित आधिकारिक सूचनाएं प्रकाशित की जाती हैं।



