देश-विदेशउत्तर प्रदेशप्रदेश

दंगा किया तो बाप-दादाओं की कमाई से भी धोना पड़ेगा हाथ- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

बरेली में शिक्षक सम्मेलन में सीएम योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था, शिक्षकों की सुविधाओं, भर्ती प्रक्रिया और रोजगार पर बात की। भाजपा प्रत्याशी हरि सिंह ढिल्लो के समर्थन में की अपील।

सीएम योगी की चेतावनी- दंगा किया तो बाप-दादाओं की कमाई से भी धोना पड़ेगा हाथ, शिक्षक सम्मेलन में भर्ती और शिक्षा पर भी बोले

बरेली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली में आयोजित शिक्षक सम्मेलन में कानून-व्यवस्था, शिक्षकों के कल्याण, भर्ती प्रक्रिया और प्रदेश में रोजगार के अवसरों को लेकर अपनी सरकार का पक्ष रखा। भाजपा प्रत्याशी डॉ. हरि सिंह ढिल्लो के समर्थन में बरेली क्लब ग्राउंड पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि प्रदेश में दंगा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और उन्हें अपने पूर्वजों की कमाई से भी हाथ धोना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की पहचान अब उपद्रव से नहीं, बल्कि उत्सव से है।

मुख्यमंत्री ने वर्ष 2017 से पहले की कानून-व्यवस्था पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उस समय बरेली में पर्व-त्योहारों के दौरान दंगों की घटनाएं होती थीं। उन्होंने दावा किया कि अब दंगा करने वाले जेल में हैं और प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति बदली है। अपने संबोधन में उन्होंने शिक्षकों को राष्ट्र और युग का निर्माता बताते हुए उनके सम्मान, स्वास्थ्य और सुविधाओं को सरकार की जिम्मेदारी बताया।

शिक्षकों को कैशलेस इलाज और बीमा सुविधा का जिक्र

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेसिक, माध्यमिक और उच्च शिक्षा के साथ स्ववित्तपोषित संस्थानों के शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने शिक्षामित्रों, अनुदेशकों और रसोइयों को भी इस व्यवस्था से जोड़ने की बात कही। मुख्यमंत्री के अनुसार, माध्यमिक शिक्षकों को 80 लाख रुपये से डेढ़ करोड़ रुपये तक का बीमा कवर मिला है।

उन्होंने बताया कि रसोइयों के लिए पांच लाख रुपये का कैशलेस स्वास्थ्य कवर और दो लाख रुपये की सामाजिक सुरक्षा का प्रावधान किया गया है। इसके साथ राज्य शिक्षक पुरस्कार की राशि और पुरस्कार पाने वाले शिक्षकों की संख्या में भी बढ़ोतरी की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षकों के सम्मान और स्वास्थ्य की चिंता करना सरकार की जिम्मेदारी है।

सपा सरकार के दौरान भर्ती प्रक्रिया पर लगाए आरोप

मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती समाजवादी पार्टी सरकार पर शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 में बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग में 1.60 लाख से अधिक पद रिक्त थे। उनके अनुसार, सरकार ने साढ़े छह वर्षों में इतनी ही संख्या में शिक्षकों की पारदर्शी भर्ती की।

योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि सपा सरकार के समय चयन बोर्ड में परिवार और रिश्तेदारों को जगह देकर नियुक्तियों को प्रभावित किया जाता था। उन्होंने कहा कि वर्तमान व्यवस्था में योग्य युवाओं को बिना भेदभाव नौकरी देने पर जोर दिया जा रहा है। ये आरोप मुख्यमंत्री ने अपने राजनीतिक संबोधन में लगाए।

बोर्ड परीक्षाओं और परिणाम घोषित करने की समयसीमा पर बोले सीएम

मुख्यमंत्री ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि परीक्षाएं 5 से 24 फरवरी के बीच आयोजित होंगी। उन्होंने दावा किया कि मुख्य परीक्षा की प्रक्रिया 14 दिनों में पूरी कर अगले 14 दिनों में परिणाम घोषित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने इसकी तुलना पहले की व्यवस्था से करते हुए कहा कि तब परिणाम आने में छह महीने तक लग जाते थे।

उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में समयबद्धता और पारदर्शिता को महत्वपूर्ण बताया। हालांकि, परीक्षा कार्यक्रम और परिणाम की समयसीमा से संबंधित अंतिम जानकारी के लिए संबंधित शिक्षा बोर्ड की आधिकारिक सूचना देखना आवश्यक होगा।

ऑपरेशन कायाकल्प और डिजिटल सुविधाओं से आधुनिक शिक्षा पर जोर

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था में सुधार केवल विद्यालयों के भवन बनाने तक सीमित नहीं है। उन्होंने ऑपरेशन कायाकल्प और प्रोजेक्ट अलंकार के माध्यम से स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं विकसित करने की बात कही। उनके अनुसार, स्मार्ट क्लास, डिजिटल लाइब्रेरी और अटल टिंकरिंग लैब जैसी सुविधाएं विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक से परिचित कराने में मदद कर रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और तकनीकी अवसर मिलने चाहिए। सरकार का प्रयास है कि गांवों के विद्यार्थी भी आधुनिक संसाधनों के साथ पढ़ाई कर सकें और आगे बढ़ने के समान अवसर प्राप्त करें।

माफिया के खिलाफ कार्रवाई और धार्मिक स्थलों का किया उल्लेख

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकार के दौरान मुख्यमंत्री आवास पर गरीबों और शिक्षकों के बजाय गैंगस्टर, दंगाई और फिरौती वसूलने वाले लोगों को बुलाया जाता था। उन्होंने कहा कि माफिया के खिलाफ कार्रवाई होने पर सपा नेताओं को पीड़ा होती है।

मुख्यमंत्री ने बरेली की नाथ नगरी के रूप में पहचान का उल्लेख किया। इसके साथ ही उन्होंने संभल के 68 तीर्थों और 19 कूपों के पुनर्जीवन का भी जिक्र किया। ये बातें उन्होंने प्रदेश में धार्मिक स्थलों और सांस्कृतिक पहचान से जुड़े कार्यों के संदर्भ में कहीं।

साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी देने का दावा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश के साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। उन्होंने दावा किया कि इस अवधि में उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था और प्रति व्यक्ति आय तीन गुना बढ़ी है। रोजगार और आर्थिक विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने प्रदेश में नए शैक्षणिक संस्थान स्थापित करने की दिशा में उठाए गए कदमों की जानकारी दी।

मुख्यमंत्री के अनुसार, शाहजहांपुर में स्वामी सुखदेवानंद और मुरादाबाद में गुरु जंभेश्वर के नाम पर विश्वविद्यालय स्थापित किए गए हैं। उन्होंने भदोही और कुशीनगर में भी विश्वविद्यालय दिए जाने का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार एक जिला-एक विश्वविद्यालय की दिशा में काम कर रही है।

23 अक्टूबर को मतदान के लिए अवकाश का उल्लेख

शिक्षक-एमएलसी चुनाव का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 23 अक्टूबर को शिक्षक मतदाताओं को मतदान के लिए अवकाश मिलेगा। उन्होंने भाजपा प्रत्याशी डॉ. हरि सिंह ढिल्लो के समर्थन में अपील की और उन्हें शिक्षकों के लिए प्रभावी प्रतिनिधि बताया।

कार्यक्रम में वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि यह चुनाव विधानसभा चुनाव से पहले शिक्षित वर्ग में भाजपा की लोकप्रियता का संकेत देगा। उन्होंने सरकार की योजनाओं का उल्लेख करते हुए छह करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकालने का दावा किया। खन्ना ने अयोध्या से चुनाव लड़ने की चुनौती को लेकर अखिलेश यादव पर भी टिप्पणी की।

गुलाब देवी ने शिक्षकों के हित में कार्यों का किया उल्लेख

माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से शिक्षकों के हित में किए गए कार्यों की सराहना की। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी के विकास कार्य दिखाई नहीं देते। गुलाब देवी ने कहा कि डॉ. हरि सिंह ढिल्लो शिक्षकों के लिए सहज रूप से उपलब्ध रहते हैं।

शिक्षक सम्मेलन में कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह, जयेंद्र प्रताप सिंह राठौर, अरुण कुमार सक्सेना और संजय गंगवार के साथ सांसद छत्रपाल सिंह गंगवार तथा राज्यसभा सदस्य श्रुति गंगवार भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम के अंत में धर्मपाल सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को स्मृति चिह्न भेंट किया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button