देश-विदेशउत्तर प्रदेशप्रदेश

Ayodhya Depotashav : अयोध्या में 10वां दीपोत्सव: 33 लाख दीयों से जगमगाएगी रामनगरी, 34 हजार वालंटियर संभालेंगे व्यवस्था

अयोध्या में 5 से 7 नवंबर तक 10वां दीपोत्सव आयोजित होगा। राम की पैड़ी समेत करीब 2 किलोमीटर क्षेत्र में 33 लाख मिट्टी के दीप जलेंगे। 55 हजार लीटर तेल, 65 लाख बातियां और 34 हजार वालंटियर तैयार किए जा रहे हैं।

अयोध्या में 10वां दीपोत्सव: 33 लाख दीयों से जगमगाएगी रामनगरी, 34 हजार वालंटियर संभालेंगे व्यवस्था

अयोध्या, 5 अक्टूबर। अयोध्या में इस वर्ष 10वें दीपोत्सव की तैयारियां तेज हो गई हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आयोजित होने वाला दीपोत्सव 5 से 7 नवंबर तक चलेगा। इस दौरान राम की पैड़ी सहित करीब दो किलोमीटर क्षेत्र में 33 लाख मिट्टी के दीप प्रज्वलित किए जाएंगे। दीपों की रोशनी को निर्बाध बनाए रखने के लिए 65 लाख बातियों और 55 हजार लीटर तेल की व्यवस्था की जा रही है। आयोजन की व्यवस्थाओं के लिए पांच टेंडर जारी किए गए हैं, जिनमें दीप-सामग्री, स्टेज निर्माण, सजावट और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं शामिल हैं।

दीपोत्सव को लेकर प्रशासन और संबंधित विभागों की तैयारियां आगे बढ़ रही हैं। दीप प्रज्वलन में इस्तेमाल होने वाली टी-शर्ट, मोमबत्ती, 150 किलो कपूर समेत अन्य आवश्यक सामग्री की व्यवस्था के लिए भी प्रक्रिया चल रही है। आयोजन को भव्य बनाने के साथ व्यवस्थाओं को सुचारु रखने, श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा, यातायात और स्वच्छता पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

राम की पैड़ी से सरयू तट तक दिखेगी दीपों की भव्य रोशनी

श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद की ओर से इस बार भी दीपोत्सव का आयोजन कराया जाएगा। राम की पैड़ी पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए विशेष स्टेज तैयार किया जाएगा। इसके अलावा दीपों से सजे घाट और रोशनी से जगमगाते प्रमुख मंदिर अयोध्या धाम के दृश्य को और आकर्षक बनाएंगे।

प्रमुख मंदिरों की एलईडी सजावट की तैयारियां भी आगे बढ़ रही हैं। सरयू तट से लेकर विभिन्न घाटों तक विशेष प्रकाश व्यवस्था की जाएगी। करीब दो किलोमीटर के आयोजन क्षेत्र में दीपों की कतारों, फूलों की सजावट और रोशनी की व्यवस्था की जा रही है। इस तरह दीपोत्सव के दौरान रामनगरी में धार्मिक आस्था के साथ उसकी सांस्कृतिक विरासत और विकास की तस्वीर भी सामने आएगी।

33 लाख दीपों के लिए 55 हजार लीटर तेल और 65 लाख बातियों की तैयारी

इस वर्ष दीपोत्सव में बड़ी संख्या में मिट्टी के दीप प्रज्वलित किए जाएंगे। इसके लिए 33 लाख दीपों के साथ 65 लाख बातियों और 55 हजार लीटर तेल की व्यवस्था की जा रही है। इसके अतिरिक्त दीप प्रज्वलन से संबंधित अन्य सामग्री भी उपलब्ध कराई जाएगी।

आयोजन की तैयारियों के तहत दीप-सामग्री, स्टेज निर्माण, सजावट और दूसरी व्यवस्थाओं के लिए कुल पांच टेंडर जारी किए गए हैं। अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद के सीईओ जयेंद्र कुमार के मुताबिक टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के साथ ही आवश्यक सामग्री की आपूर्ति शुरू हो जाएगी।

34 हजार वालंटियर संभालेंगे दीप प्रज्वलन और व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी

दीपोत्सव में इस बार 34 हजार वालंटियर महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। ये स्वयंसेवक दीप प्रज्वलन के साथ आयोजन की व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुविधा का ध्यान रखने में सहयोग करेंगे। आयोजन में शामिल होने वाले 34 हजार छात्रों के खान-पान की व्यवस्था भी की जा रही है।

वालंटियरों के प्रशिक्षण की तैयारियां भी अंतिम चरण में हैं। बड़ी संख्या में छात्रों की भागीदारी के जरिए युवा पीढ़ी को भी अयोध्या के इस प्रमुख आयोजन से सीधे जुड़ने और दीपोत्सव का हिस्सा बनने का अवसर मिलेगा।

सुरक्षा, यातायात और स्वच्छता पर रहेगा विशेष जोर

दीपोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के अयोध्या पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा, यातायात और स्वच्छता से जुड़ी व्यवस्थाओं पर भी विशेष फोकस किया जा रहा है। आयोजन क्षेत्र में दीपों की पंक्तियों के साथ फूलों की सजावट और प्रकाश व्यवस्था को व्यवस्थित तरीके से तैयार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में आयोजित होने वाला यह दीपोत्सव अयोध्या की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा आयोजन है। तैयारियों के दौरान श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ आयोजन को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने पर जोर दिया जा रहा है।

टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद शुरू होगी सामग्री की आपूर्ति

अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद के सीईओ जयेंद्र कुमार ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही दीपोत्सव से जुड़ी आवश्यक सामग्री की आपूर्ति शुरू हो जाएगी। उन्होंने बताया कि वालंटियरों के प्रशिक्षण और छात्रों के लिए भोजन व्यवस्था की तैयारियां भी अंतिम चरण में हैं।

नवंबर में होने वाले 10वें दीपोत्सव के लिए तैयारियां अब तेज हो गई हैं। राम की पैड़ी और सरयू तट समेत करीब दो किलोमीटर क्षेत्र में 33 लाख मिट्टी के दीपों के प्रज्वलन के साथ अयोध्या में दीपों और रोशनी का बड़ा आयोजन देखने को मिलेगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button