योगी सरकार के छह माह में एक लाख भर्ती के संकल्प में शिक्षा क्षेत्र की बड़ी हिस्सेदारी,शिक्षा में 17 हजार से अधिक पदों पर भर्ती
योगी सरकार के छह माह में एक लाख सरकारी पदों पर भर्ती के लक्ष्य के बीच शिक्षा क्षेत्र में 17,059 पदों पर भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। जानें उच्च, माध्यमिक और बेसिक शिक्षा के पदों और परीक्षा तिथियों की पूरी जानकारी।
लखनऊ। प्रदेश के युवाओं को सरकारी रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए योगी सरकार के मिशन रोजगार के तहत भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने छह माह में एक लाख सरकारी पदों पर भर्ती का संकल्प लिया है। इसी क्रम में शिक्षा क्षेत्र में ही 17,059 पदों पर भर्ती की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज की ओर से वर्ष 2026 में जारी भर्ती विज्ञापनों में उच्च शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा और बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े विभिन्न पद शामिल हैं। इन भर्तियों के माध्यम से एक ओर युवाओं को सरकारी सेवा में प्रवेश का अवसर मिलेगा, वहीं दूसरी ओर प्रदेश के शिक्षण संस्थानों में आवश्यक मानव संसाधन उपलब्ध कराने में भी मदद मिलेगी।
उच्च शिक्षा में 2,047 पदों पर भर्ती
उच्च शिक्षा विभाग में कुल 2,047 पद भर्ती प्रक्रिया में शामिल हैं। आयोग के अध्यक्ष प्रशांत कुमार के अनुसार इनमें प्राचार्य के 111 पद और सहायक आचार्य (असिस्टेंट प्रोफेसर) के 1,936 पद शामिल हैं। सहायक आचार्य पदों के लिए परीक्षा 19 और 20 नवंबर 2026 को प्रस्तावित है। उच्च शिक्षा के इन पदों पर भर्ती से शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों की उपलब्धता बढ़ाने के साथ बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को सरकारी सेवा में आने का अवसर मिलेगा।
माध्यमिक शिक्षा में सहायक अध्यापक और प्रवक्ता के 3,504 पद
माध्यमिक शिक्षा विभाग में भी भर्ती प्रक्रिया के तहत कुल 3,504 पद शामिल हैं। इनमें सहायक अध्यापक के 897 पद और प्रवक्ता यानी पीजीटी के 2,607 पद हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार सहायक अध्यापक पदों के लिए परीक्षा 3 और 4 दिसंबर 2026 को प्रस्तावित है, जबकि प्रवक्ता पदों की परीक्षा 15 और 16 दिसंबर 2026 को प्रस्तावित है। इस भर्ती प्रक्रिया के जरिए माध्यमिक शिक्षण संस्थानों में रिक्त पदों को भरने की दिशा में कदम बढ़ाया जा रहा है।
बेसिक शिक्षा में 11,508 पदों की बड़ी भर्ती
शिक्षा क्षेत्र में प्रस्तावित भर्तियों में सबसे बड़ी हिस्सेदारी बेसिक शिक्षा विभाग की है। विभाग में सहायक अध्यापक प्राथमिक शहरी (अर्बन) के 11,508 पद विज्ञापित किए गए हैं। इन पदों के लिए परीक्षा 3 और 4 दिसंबर 2026 को प्रस्तावित है। इसके अतिरिक्त बेसिक शिक्षा विभाग में विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा (स्पेशल टीईटी) भी आयोजित की जा रही है।
बेसिक शिक्षा के 11,508 पदों को मिलाकर देखें तो अकेले प्राथमिक शहरी सहायक अध्यापक भर्ती ही शिक्षा क्षेत्र में विज्ञापित कुल 17,059 पदों का बड़ा हिस्सा है। इससे स्कूल शिक्षा के स्तर पर रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया के पैमाने का अंदाजा लगाया जा सकता है।
एक लाख भर्ती के लक्ष्य में शिक्षा क्षेत्र की करीब 17 प्रतिशत हिस्सेदारी
शिक्षा क्षेत्र में विज्ञापित 17,059 पद छह माह में एक लाख सरकारी पदों पर भर्ती के लक्ष्य का करीब 17 प्रतिशत हैं। इस लिहाज से मिशन रोजगार में शिक्षा क्षेत्र की हिस्सेदारी महत्वपूर्ण दिखाई देती है। इन पदों में 11,508 प्राथमिक शहरी सहायक अध्यापक, 2,607 प्रवक्ता, 1,936 सहायक आचार्य, 897 माध्यमिक सहायक अध्यापक और 111 प्राचार्य शामिल हैं।
इस तरह भर्ती प्रक्रिया में बेसिक शिक्षा से लेकर माध्यमिक शिक्षा और उच्च शिक्षा तक के अलग-अलग स्तरों को शामिल किया गया है। इससे सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए शिक्षा क्षेत्र में विभिन्न स्तरों पर अवसर उपलब्ध हुए हैं।
युवाओं को रोजगार के साथ शिक्षण संस्थानों को मिलेगा मानव संसाधन
शिक्षा क्षेत्र में इन भर्तियों का असर केवल रोजगार के अवसरों तक सीमित नहीं रहेगा। रिक्त पदों पर नियुक्तियां होने से स्कूलों, माध्यमिक शिक्षण संस्थानों और उच्च शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों एवं शैक्षणिक अधिकारियों की उपलब्धता बढ़ाने में मदद मिलेगी। सरकार की प्राथमिकता पारदर्शी चयन प्रक्रिया और समयबद्ध भर्ती के माध्यम से रिक्त पदों को भरने की बताई गई है।



