असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य से मिला यूपी का मीडिया दल, ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ पर हुई चर्चा
PIB लखनऊ के नेतृत्व में असम-मेघालय मीडिया टूर पर पहुंचे उत्तर प्रदेश के 13 सदस्यीय मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने गुवाहाटी में असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य से मुलाकात की। विकास, पर्यटन, संस्कृति और ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ पर चर्चा हुई।

असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य से मिला यूपी का मीडिया प्रतिनिधिमंडल, ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ पर हुई चर्चा
गुवाहाटी । ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ कार्यक्रम के अंतर्गत असम-मेघालय मीडिया टूर पर पहुंचे उत्तर प्रदेश के 13 सदस्यीय मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने रविवार को गुवाहाटी स्थित लोकभवन में असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य से मुलाकात की। पत्र सूचना कार्यालय (PIB), लखनऊ के नेतृत्व में आयोजित इस मीडिया टूर का उद्देश्य उत्तर प्रदेश के पत्रकारों को पूर्वोत्तर भारत की संस्कृति, पर्यटन, प्राकृतिक विरासत और विकास यात्रा को करीब से समझने का अवसर देना है। ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ के तहत देश के अलग-अलग राज्यों के बीच सांस्कृतिक और सामाजिक संपर्क बढ़ाने के लिए विभिन्न आदान-प्रदान कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहे हैं।
राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य ने प्रतिनिधिमंडल के साथ संवाद के दौरान असम की विकास यात्रा, पर्यटन, सांस्कृतिक विरासत और राज्य की विशिष्ट पहचान से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि असम देश की ‘विविधता में एकता’ की भावना को मजबूत तरीके से प्रदर्शित करने वाले राज्यों में से एक है। देश के अलग-अलग हिस्सों से आने वाले लोगों को असम की संस्कृति, परंपराओं और प्राकृतिक विविधता को जानने-समझने का अवसर मिलता है, जिससे राज्यों के बीच आपसी समझ और जुड़ाव और मजबूत होता है।

‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ सिर्फ कार्यक्रम नहीं, राष्ट्रीय एकता का माध्यम
राज्यपाल ने संवाद के दौरान ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की व्यापक भावना पर जोर देते हुए कहा कि यह केवल एक कार्यक्रम तक सीमित नहीं है, बल्कि देश की विविध सांस्कृतिक परंपराओं को एक-दूसरे से जोड़ने का माध्यम है। अलग-अलग राज्यों के लोग जब एक-दूसरे की संस्कृति, परंपराओं, जीवनशैली और सामाजिक संरचना को करीब से समझते हैं तो इससे राष्ट्रीय एकता की भावना और मजबूत होती है।
इस पहल के तहत सांस्कृतिक कार्यक्रमों और विभिन्न प्रकार के आदान-प्रदान के जरिए राज्यों के बीच संवाद को बढ़ावा दिया जाता रहा है। PIB के उपलब्ध रिकॉर्ड में उत्तर प्रदेश से जुड़े पूर्वोत्तर राज्यों के साथ सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रमों का भी उल्लेख मिलता है। जनवरी 2026 में गुवाहाटी के शिल्पग्राम में उत्तर प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय से संबंधित ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ सांस्कृतिक कार्यक्रम दर्ज किया गया है।
UP के पत्रकारों का असम-मेघालय मीडिया टूर, ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ के तहत गुवाहाटी रवाना हुआ दल
विकास, कनेक्टिविटी और पर्यटन पर भी हुई चर्चा
मीडिया प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत में राज्यपाल ने असम में हो रहे विकास कार्यों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राज्य में बुनियादी ढांचे, कनेक्टिविटी और पर्यटन सहित विभिन्न क्षेत्रों में लगातार काम हो रहा है। असम की भौगोलिक और सांस्कृतिक विशिष्टता को देखते हुए पर्यटन राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्र है। प्राकृतिक सौंदर्य, धार्मिक स्थल, वन्यजीव, चाय बागान, ब्रह्मपुत्र और स्थानीय संस्कृति असम को देश-विदेश के पर्यटकों के लिए आकर्षक बनाते हैं।
राज्यपाल के साथ संवाद के दौरान उत्तर प्रदेश के पत्रकारों ने भी असम के विकास, पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत से जुड़े विभिन्न विषयों पर जानकारी प्राप्त की। साथ ही दोनों राज्यों के बीच सामाजिक और सांस्कृतिक संबंधों तथा आपसी संवाद को आगे बढ़ाने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।
लोकभवन को जनसेवा और संवाद का केंद्र बताया
राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य ने लोकभवन की भूमिका का उल्लेख करते हुए इसे आम लोगों की सेवा और संवाद का महत्वपूर्ण केंद्र बताया। उन्होंने कहा कि राजभवन और लोकभवन जैसे संवैधानिक संस्थानों का उद्देश्य जनता से जुड़ना और लोगों की सेवा करना है। लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता और संस्थानों के बीच संवाद तथा जनभागीदारी का विशेष महत्व है।
इस दौरान मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने भी राज्यपाल के साथ संवाद को असम को समझने के महत्वपूर्ण अवसर के रूप में लिया। पत्रकारों ने राज्य की संस्कृति, पर्यटन, विकास कार्यों और उत्तर प्रदेश-असम के बीच संबंधों से जुड़े विषयों पर जानकारी प्राप्त की। इससे मीडिया प्रतिनिधियों को अपने दौरे के दौरान प्राप्त अनुभवों को व्यापक संदर्भ में समझने में मदद मिलेगी।
यूपी और असम के बीच संवाद को मिलेगी नई मजबूती
उत्तर प्रदेश के पत्रकारों का यह असम-मेघालय मीडिया टूर केवल पर्यटन स्थलों के भ्रमण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य पूर्वोत्तर भारत की विकास यात्रा, सांस्कृतिक पहचान और स्थानीय अनुभवों को करीब से समझना भी है। इस तरह के मीडिया आदान-प्रदान से किसी क्षेत्र के बारे में देश के दूसरे हिस्सों में मौजूद धारणा को प्रत्यक्ष अनुभव और स्थानीय संवाद के आधार पर समझने का अवसर मिलता है।
‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के व्यापक उद्देश्य के अनुरूप यह मीडिया टूर उत्तर प्रदेश और असम के बीच सांस्कृतिक एवं सामाजिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। पत्रकारों के माध्यम से असम की विकास यात्रा, पर्यटन संभावनाओं, सांस्कृतिक विरासत और स्थानीय उपलब्धियों की कहानियां उत्तर प्रदेश तथा देश के अन्य हिस्सों तक पहुंच सकती हैं। वहीं उत्तर प्रदेश के मीडिया प्रतिनिधियों को पूर्वोत्तर भारत को करीब से समझने और वहां की विविधता का प्रत्यक्ष अनुभव करने का अवसर मिल रहा है।
इस मुलाकात के साथ असम-मेघालय मीडिया टूर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव पूरा हुआ, जिसमें संवैधानिक संस्था के प्रमुख के साथ संवाद ने दौरे को विकास, संस्कृति, पर्यटन और राष्ट्रीय एकता के व्यापक संदर्भ से जोड़ दिया। ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की भावना के अनुरूप ऐसे संवाद देश के अलग-अलग हिस्सों को केवल भौगोलिक रूप से नहीं, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक स्तर पर भी एक-दूसरे के करीब लाने में भूमिका निभाते हैं।



